Sunday, June 24, 2012

नादानी....





दो घडी के साथ को हम प्यार समझ बैठे ..
नादानी यह हमसे हुई हम क्या समझ बैठे ...!

उसने चूमा ही था कुछ ऐसे इन पलकों को ..
नादानी यह हमसे हुई हम प्यार समझ बैठे ...!

पकड़ा था उसने हाथ जब भीड़ भरी सडक पर ...
नादानी यह हमसे हुई हम प्यार समझ बैठे ...!

धडकती थी धड़कने उनके नाम से मेरी ..
नादानी यह हमसे हुई हम प्यार समझ बैठे ..!

चाह था उनका साथ रहे जिन्दगी में हर -पल
नादानी यह हमसे हुई हम ख्वाब को सच समझ बैठे ......!